उत्तराखंड में पुष्कर सिंह धामी की सरकार के चार साल पूरे हुए
विपक्ष देश में घुसपैठियों को बचाने में लगा हुआ है-गृहमंत्रीस्वतंत्र आवाज़ डॉट कॉम
Sunday 8 March 2026 02:01:02 PM
हरिद्वार। गृहमंत्री अमित शाह ने उत्तराखंड सरकार के 4 वर्ष पूरे होने पर हरिद्वार में ₹1132 करोड़ से अधिक के विभिन्न जनकल्याणकारी कार्यों का समारोहपूर्वक लोकार्पण और भूमि पूजन किया। इस अवसर पर आयोजित जनसभा में अमित शाह ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की प्रशंसाकर उत्तराखंड सरकार की उपलब्धियां गिनाईं। धामी सरकार के इन चार साल केसाथ राज्य में भाजपा सरकार के 9 साल भी पूरे हो रहे हैं। उन्होंने कहाकि एक जमाना था, जब देवभूमि उत्तराखंड अपने अधिकारों केलिए संघर्षरत था और उत्तराखंड को अलग राज्य बनाकर इसे अलग पहचान दिलाने केलिए उत्तराखंड के युवा मैदान में उतरे थे। अमित शाह ने कहाकि उस वक्त मौजूदा विपक्षी पार्टियों ने उत्तराखंड के युवाओं का असहनीय दमन किया था, अनेक युवाओं को गोली लगी और कई का बलिदान हुआ। गृहमंत्री ने कहाकि रामपुर तिराहे की घटना आजभी उत्तराखंडवासी भूले नहीं हैं। उन्होंने कहाकि हमारे नेता अटल बिहारी वाजपेयी ने उत्तराखंड राज्य बनाने का ऐतिहासिक कार्य किया था।
गृहमंत्री अमित शाह ने जिक्र कियाकि जब उत्तराखंड राज्य बनाया गया, तब विपक्षी पार्टी के नेता कहते थेकि छोटे राज्य कैसे टिकेंगे, इनकी अर्थव्यवस्था कैसे चलेगी। उन्होंने कहाकि अटलजी ने उत्तराखंड, छत्तीसगढ़ और झारखंड तीन छोटे राज्य बनाए और आज तीनों राज्य विकास की राह पर हैं। अमित शाह ने कहाकि अटलजी ने उत्तराखंड बनाया और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उसे संवारने का कार्य किया है। उन्होंने कहाकि बीते नौ साल उत्तराखंड के विकास के नौ स्वर्णिम साल हैं। गृहमंत्री ने कहाकि बीते चार साल में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने राज्य की एक-एक समस्या को समाप्त करने का रचनात्मक कार्य किया है, इससे उत्तराखंड ‘दिन दूनी रात चौगुनी’ गति से विकास के रास्ते पर बढ़ रहा है। अमित शाह ने कहाकि उत्तराखंड के 1900 युवाओं को पुलिस कांस्टेबल की नौकरी मिली है, राज्य सरकार के नकल विरोधी कानून से रोजगार परीक्षाओं में पारदर्शिता आई है।
अमित शाह ने कहाकि पाकिस्तान और अफगानिस्तान से आए 162 लोगों को भारत की नागरिकता दी गई है। उन्होंने कहाकि जब वे सीएए कानून लेकर आए थे, तब विपक्षी पार्टियों के नेताओं ने संसद में खूब हो-हल्ला किया था। अमित शाह ने कहाकि वे फिरसे कहते हैंकि बांग्लादेश, पाकिस्तान, अफगानिस्तान से आए हिंदू, सिख, बौद्ध और जैन शरणार्थियों का इस देश पर उतना ही अधिकार है, जितना यहां के नागरिकों का अधिकार है। उन्होंने कहाकि तुष्टीकरण की राजनीति के कारण आजादी से लेकर अबतक इन शरणार्थियों को भारत की नागरिकता से वंचित रखा गया है। गृहमंत्री ने सवाल कियाकि ये शरणार्थी अपना धर्म और अपने परिवारों की महिलाओं का सम्मान बचाने केलिए आए हैं, ऐसे में क्या भारत उन्हें नागरिकता नहीं देगा? उन्होंने कहाकि विपक्ष के नेताओं को जितना विरोध करना है, कर लें, लेकिन हम इनको नागरिकता देकर रहेंगे। गृहमंत्री ने कहाकि 2026 में पश्चिम बंगाल और तमिलनाडु में भाजपा सरकार बनने जा रही है और 2027 में जीत की शुरुआत देवभूमि उत्तराखंड की जनता को करनी है और फिरसे भाजपा सरकार बनानी है।
अमित शाह ने कहाकि 2027 में हरिद्वार में कुंभ का आयोजन होना है, इसके लिए केंद्र ने राज्य सरकार को बड़ी धनराशि उपलब्ध कराई है। उन्होंने कहाकि नरेंद्र मोदी सरकार ने देश की संस्कृति से जुड़े और कई साल से लंबित पड़े काम पूरे कर दिए हैं जैसे-धारा 370 समाप्त कर दी गई है, हिंदू शरणार्थियों केलिए सीएए लेकर आए, 550 साल से हिंदू समाज जिसकी राह देख रहा था, अयोध्या में रामलला का मंदिर बनाने का कार्य भी पूरा होने के करीब है, केदारनाथ धाम और बद्रीनाथ धाम में पूरे शहर की पुनर्रचना कराई गई है, महाकाल लोक बनाया गया है और औरंगजेब का तोड़ा गया काशी विश्वनाथ का कॉरिडोर भी बन चुका है। उन्होंने कहाकि वाइब्रेंट विलेज कार्यक्रम के माध्यम से हमने सीमांत गांवों का विकासकर वहां पलायन रोकने की वैज्ञानिक योजना बनाई गई है, जिसका सबसे बड़ा फायदा देवभूमि को होने वाला है।
गृहमंत्री अमित शाह ने कहाकि विपक्षी पार्टी अपनी पूरी ऊर्जा घुसपैठियों को बचाने में लगा रही है, उत्तराखंड में धामी सरकार ने लगभग 10000 से ज्यादा अतिक्रमण उखाड़कर फेंक दिए हैं। उन्होंने कहाकि विपक्ष के नेता एसआईआर का भी विरोध कर रहे हैं, उन्हें हर चीज में नकारात्मकता दिखती है। अमित शाह ने कहाकि उनकी पार्टी चुनाव आयोग के एसआईआर कार्यक्रम का पुरजोर समर्थन कर रही है, क्योंकि जिस देश में लोकतंत्र को संभालने वाली मूल इकाई मतदाता सूची शुद्ध न हो, उस देश का लोकतंत्र कभी सलामत नहीं रह सकता। अमित शाह ने कहाकि विपक्षी पार्टी की सरकार में भ्रष्टाचार के ढेरों आरोप लगे, स्टिंग प्रकरण, दलितों की छात्रवृत्ति का घोटाला, कमीशन एजेंटों से भरा हुआ सेक्रेटेरिएट, शराब नीति का स्टिंग कांड, कुमाऊं खाद्यान्न घोटाला जैसे कई आरोप लगे। उन्होंने कहाकि उत्तराखंड में 9 साल से हमारी सरकार है, लेकिन हमारे विरोधी भी हमारी सरकार पर भ्रष्टाचार का आरोप नहीं लगा सकते। अमित शाह ने कहाकि हमने पारदर्शी तरीके से सरकार चलाई है।
गृहमंत्री ने कहाकि देश से तुष्टीकरण की नीति को समाप्त करने केलिए उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी यूनिफॉर्म सिविल कोड लेकर आए हैं, इसके तहत नागरिक का धर्म कोई भी हो, उसे एकही कानून के तहत देशमें रहना होगा। उन्होंने कहाकि उत्तराखंड देशभर में यूसीसी लागू करने वाला पहला राज्य बना है, यूसीसी ही जनसांख्यिकी में हो रही अप्राकृतिक वृद्धि को रोकने का काम करेगा। उन्होंने कहाकि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जनसांख्यिकी में हो रहे बदलाव को रोकने केलिए एक हाई पावर कमेटी बनाने का निर्णय किया है, कुछही दिन में वह कमेटी अपना काम शुरू कर देगी। अमित शाह ने कहाकि विपक्षी पार्टी ने केंद्र में अपनी सरकार के समय 2004 से 2014 तक उत्तराखंड को अनुदान के तौरपर सिर्फ ₹54,000 करोड़ दिए, वहीं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 2014 से 2024 तक राज्य को ₹1 लाख 87 हजार करोड़ देने का काम किया। इसके अलावा केदारनाथ, बद्रीनाथ, यमुनोत्री, गंगोत्री 900 किलोमीटर के चारधाम महामार्ग केलिए ₹12 हजार करोड़, दिल्ली-देहरादून इकोनॉमिक कॉरिडोर केलिए ₹8 हजार करोड़, ₹5 हजार करोड़ से उत्तराखंड में 30 राष्ट्रीय राजमार्गों का निर्माण, ₹2200 करोड़ से टनकपुर में 8 मार्ग का निर्माण, नजीबाबाद, अफजलगढ़ बाईपास, पुरकाजी, लक्सर और हरिद्वार रोड के नवीनीकरण केलिए भी धनराशि दी।
अमित शाह ने कहाकि एकओर भ्रष्टाचार करने वाली, अव्यवस्था फैलाने वाली और उत्तराखंड के निर्माण का विरोध करने वाली विपक्षी पार्टी है और दूसरी तरफ चारधाम केप्रति अनन्य श्रद्धा से चारधाम यात्रियों की संख्या में तीन गुना वृद्धि करने वाली, उत्तराखंड के हर कस्बे को रोड से जोड़ने का प्रयास करने वाली, युवाओं को बिना खर्ची-बिना पर्ची नौकरी देने वाली, कॉमन सिविल कोड लानेवाली, सीएए से नागरिकता देने वाली और घुसपैठियों को चुन-चुनकर निकालने का संकल्प लेने वाली धामी सरकार है। उन्होंने कहाकि उत्तराखंड की जनता को इन विषयों पर दो पार्टियों में से किसी एक का चयन करना है। अमित शाह ने कहाकि विपक्षी पार्टी अपने नेता के नेतृत्व में पूर्णतया बिखर चुकी है। उन्होंने कहाकि संसद में चर्चा करने की जगह हो-हल्लाकर संसद न चलने देने की नीति अपनाई, ऐसी पार्टी देवभूमि का विकास नहीं कर सकती। उत्तराखंड सरकार के कार्यक्रम में उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, केंद्रीय मंत्री अजय टम्टा और गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।