रेलमंत्री के अधिकारियों को निर्देश यात्रियों को परेशानी न हो
देशभर में आधुनिक एवं आरामदायक रेल सुविधाओं का विस्तारस्वतंत्र आवाज़ डॉट कॉम
Thursday 7 May 2026 06:24:47 PM
नई दिल्ली। रेलमंत्री अश्विनी वैष्णव ने आज रेल भवन में अधिकारियों केसाथ समीक्षा बैठक में 40 साल पुरानी आरक्षण प्रणाली में अपग्रेडेड सिस्टम पर रेलगाड़ियों की शिफ्टिंग होते समय यात्रियों को परेशानी न हो अधिकारियों को निर्देश दिए हैं। देश में यह प्रणाली 1986 में शुरू हुई थी, तबसे इसमें कई छोटे बदलाव किए गए, लेकिन अब इसमें आमूलचूल परिवर्तन किया गया है। अत्याधुनिक तकनीक का इस्तेमालकर इसके क्षमता का विस्तार किया गया है। रेल आरक्षण प्रणाली ने कई महत्वपूर्ण पड़ाव देखे हैं, वर्ष 2002 में भारतीय रेलवे ने टिकटिंग में इंटरनेट का प्रयोग शुरू किया, आज यह प्रणाली इतनी लोकप्रिय हैकि देश की ज्यादातर आबादी खिड़की की ओर रुख नहीं करती। देश में आज जितनी भी टिकटिंग की मांग है, उसका बड़ा हिस्सा (लगभग 88 प्रतिशत) ऑनलाइन माध्यम से होता है।
भारतीय रेलवे का मोबाइल ऐप रेलवन भी यात्रियों केबीच लोकप्रिय है। ऐप की शुरुआत पिछले साल जुलाई में हुई थी। एक साल से कम समय में ही इसके देशभर में अबतक 3.5 करोड़ डाउनलोड हो चुके हैं। ऐप के लोकप्रिय होने के कई कारणों में से सबसे बड़ा कारण यह हैकि यह ऐप देश के आम आदमी को रेल संबंधी सभी जानकारियां तो देता ही है, टिकटिंग तथा अन्य सेवाओं से जुड़ी उनकी शिकायतों का भी निपटारा करता है। आज जब आप अपनी टिकट बनाते हैं तो रेलवन ऐप आपको यह बताता हैकि आपकी वेटिंग में दिख रही टिकट कन्फर्म होगी या नहीं। टिकट के कन्फर्म होने की सटीक संभावना भी अब आपको एआई से रेलवन ऐप बता देता है। रेलवन ऐप पर वेटिंग टिकट के कन्फर्म होने के अनुमान की सटीकता पहले के 53 प्रतिशत से बढ़कर अब 94 प्रतिशत तक पहुंच गई है। रेलवन ऐप में इस तरह की कई एकीकृत एवं आधुनिक सुविधाएं हैं, जो रेल सेवाओं को भी अपने में समाहित किए हुए हैं जैसे-आरक्षित, अनारक्षित तथा प्लेटफॉर्म आदि विभिन्न प्रकार के टिकटों की बुकिंग, रद्दीकरण तथा रिफंड।
टिकट की वेटिंग स्थिति की ताज़ा जानकारी, ट्रेन के आने-जाने का समय, ट्रेन की वर्तमान स्थिति, ट्रेन के आनेजाने का प्लेटफॉर्म, कोच की स्थिति, रेल मदद जैसी महत्वपूर्ण जानकारियां भी रेलवन ऐप में हैं। रेल यात्रा के दौरान आप रेलवन ऐप पर भोजन भी ऑर्डर कर सकते हैं, यह ऐप विकल्प देता हैकि आपकी सीट तक आपका मनपसंद खाना पहुंच सके। आरामदायक एवं सेवापरक सुविधाओं से लैस रेलवन ऐप से देशभर में 9.29 लाख टिकटें बुक हो रही हैं। इनमें 7.2 लाख टिकटें अनारक्षित तथा अन्य 2.09 लाख आरक्षित टिकटें हैं। अनारक्षित टिकटों में प्लेटफॉर्म टिकट भी शामिल है। एंड्रॉयड व आईओएस पर रेलवन ऐप को लोग काफी पसंद कर रहे हैं, जहां 3 करोड़ 16 लाख लोगों ने इसे गूगल प्ले स्टोर से अबतक डाउनलोड किया है, वहीं 33.17 लाख लोगों ने इसे ऐपल फोन में डाउनलोड किया है।
गौरतलब हैकि देश में यात्रियों केलिए भारतीय रेल एक जीवन रेखा है। भारतीय रेल ने 2024–25 में यात्रियों के टिकटों पर 60,239 करोड़ रुपये की सब्सिडी दी। यह रेल यात्रा करने वाले प्रत्येक व्यक्ति को औसतन 43 प्रतिशत की छूट के बराबर है। दूसरे शब्दों में यदि सेवा प्रदान करने की लागत 100 रुपये है तो टिकट की कीमत केवल 57 रुपये है। समीक्षा बैठक में रेल राज्यमंत्री वी सोमन्ना, रवनीत सिंह बिट्टू और वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।