'मीडिया में न केवल दृष्टिकोण, बल्कि राष्ट्र भी आकार लेते हैं'
ध्यानाकर्षण मूलक मीडिया वातावरण में सनसनीखेज का जोखिम!स्वतंत्र आवाज़ डॉट कॉम
Friday 12 June 2026 03:03:29 PM
नई दिल्ली। उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन ने इंडियन इंस्टिट्यूट ऑफ मास कम्युनिकेशन के अंतिम वर्ष के स्नातकोत्तर विद्यार्थियों केलिए एक माह के इंटर्नशिप कार्यक्रम के समापन समारोह में स्मरण करायाकि उन्होंने संसद टीवी के माध्यम से छात्रों को व्यावहारिक प्रशिक्षण के अवसर का सुझाव दिया था। उन्होंने प्रस्ताव के शीघ्र क्रियांवयन की प्रशंसा की और इंटर्न्स को मार्गदर्शन देनेवाले संसद टीवी के पेशेवरों की सराहना भी की। लोकतंत्र में मीडिया की महत्वपूर्ण भूमिका पर सीपी राधाकृष्णन ने कहाकि भारत को ऐसे पत्रकारों और संचारकों की आवश्यकता है, जो बौद्धिक रूपसे ईमानदार, सामाजिक रूपसे संवेदनशील, तकनीकी रूपसे सक्षम और लोकतांत्रिक मूल्यों केप्रति गहन रूपसे प्रतिबद्ध हों। उपराष्ट्रपति ने उभरते पत्रकारों को संदेश में कहाकि मीडिया में न केवल दृष्टिकोण बनते हैं, बल्कि राष्ट्र भी आकार लेते हैं।
उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन ने विद्यार्थियों से 2047 तक विकसित भारत विजन में योगदान देने का आग्रह करते हुए उन्हें ईमानदारी और निष्पक्षता से भारत की विकास यात्रा प्रस्तुत करने केलिए प्रेरित किया। उन्होंने कहाकि वैश्विक समुदाय आज जनसांख्यिकीय लाभ, तकनीकी नवाचार और लोकतांत्रिक लचीलापन के कारण भारत केप्रति नवीनीकृत रुचि रखता है। ध्यानाकर्षण-मूलक मीडिया वातावरण में सनसनीखेजता के जोखिम केप्रति सतर्क करते हुए उपराष्ट्रपति ने कहा कि विश्वसनीयता को लोकप्रियता पर नहीं, बल्कि तथ्यात्मक सटीकता और लोकहित पर आधारित होना चाहिए। उन्होंने उभरते पत्रकारों से सत्य, निष्पक्षता और जिम्मेदार रिपोर्टिंग का आग्रह किया। एआई के बढ़ते प्रभाव का संदर्भ देते हुए उपराष्ट्रपति ने कहाकि जबकि प्रौद्योगिकी शोध और सत्यापन का एक शक्तिशाली उपकरण हो सकती है, संपादकीय निर्णय मानव तर्क से ही निर्देशित होने चाहिएं। उन्होंने गलत सूचना और डीपफेक्स केप्रति सतर्क रहने की आवश्यकता पर भी जोर दिया।
समावेशी पत्रकारिता पर बल देते हुए उपराष्ट्रपति ने कहाकि भारत की समग्र समझ केलिए केवल महानगरीय केंद्रों से परे रिपोर्टिंग आवश्यक है और देशभर के लोगों की आकांक्षाओं, चुनौतियों और उपलब्धियों पर अधिक ध्यान दिया जाना चाहिए। उपराष्ट्रपति भवन में आयोजित दीक्षांत समारोह में राज्यसभा के उपसभापति हरिवंश, राज्यसभा के सचिव सामान्य पीसी मोदी, उपराष्ट्रपति के सचिव और संसद टीवी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी अमित खरे, सूचना और प्रसारण मंत्रालय के सचिव चंचल कुमार, इंडियन इंस्टिट्यूट ऑफ मास कम्युनिकेशन की कुलपति डॉ प्रज्ञा पालीवाल गोर और गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।