अपराधों पर नियंत्रण की दिशा में प्रभावी और उन्नत तकनीकी नवाचार
पुलिस महानिदेशक राजीव कृष्ण को सौंपा स्कोच अवॉर्ड का प्रमाणपत्रस्वतंत्र आवाज़ डॉट कॉम
Monday 22 June 2026 06:49:23 PM
लखनऊ। उत्तर प्रदेश पुलिस तकनीकी सेवाएं मुख्यालय को एक बड़ी उपलब्धि हासिल हुई है। उसके 'क्राइम एनालिटिक्स पोर्टल' को प्रतिष्ठित स्कोच अवॉर्ड-2026 मिला है, जिसका प्रमाणपत्र आज अपर पुलिस महानिदेशक तकनीकी सेवाएं नवीन अरोड़ा ने उत्तर प्रदेश के पुलिस महानिदेशक राजीव कृष्ण को भेंट किया। उल्लेखनीय हैकि यह प्रतिष्ठित राष्ट्रीय सम्मान उत्तर प्रदेश पुलिस की नवाचारयुक्त स्मार्ट पुलिसिंग, व्यावसायिक दक्षता और जनमानस की सुरक्षा केप्रति दृढ़ समर्पण को दर्शाता है। यूपी के क्राइम एनालिटिक्स पोर्टल का पुलिस और सुरक्षा श्रेणी में उत्कृष्ट योगदान है, जिसे यह स्कोच अवॉर्ड प्राप्त हुआ है। क्राइम एनालिटिक्स पोर्टल को इन हाउस विकसित करके डेटा संचालित अपराध रोकथाम में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाली तरू माथुर, कृष्ण मुरारी एवं अर्पित गुप्ता की इसमें उनके उत्कृष्ट योगदान केलिए विशेष रूपसे सराहना की गई है।
उत्तर प्रदेश पुलिस की तकनीकी सेवाओं द्वारा इन हाउस विकसित क्राइम एनालिटिक्स पोर्टल अपराध नियंत्रण की दिशा में एक अत्यधिक प्रभावी और उन्नत तकनीकी नवाचार है। यह पोर्टल ट्रायड इंटीग्रेशन यानी सीसीटीएनएस मुख्य अपराध रिकॉर्ड, ऑपरेशन त्रिनेत्र सीसीटीवी लोकेशन, पीएम गतिशक्ति जियो स्पेशियल इंफ्रास्ट्रक्चर लेयर्स पर आधारित है। क्राइम एनालिटिक्स पोर्टल मुख्य रूपसे जियो स्पेशियल क्राइम इंटेल हेतु क्राइम विज़ुअलाइज़ेशन, हॉटस्पॉट मैपिंग, रूट एनालिसिस के साथ-साथ रोड, कैनाल, रेलवे, फॉरेस्ट इत्यादि सम्भावित भागने के रास्ते की सटीक पहचान करने में सहायक है।
उत्तर प्रदेश पुलिस मुख्यालय के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी राहुल सिन्हा ने बतायाकि क्राइम एनालिटिक्स पोर्टल के सटीक डेटा विश्लेषण के आधार पर संवेदनशील क्षेत्रोंमें संसाधन प्रबंधन, खोज अभियान, पिकेट, पीआरवी, पैदल मोबाइल गश्त, सीसीटीवी की तैनाती और अन्य पुलिस संसाधनों की आवश्यकतानुसार रणनीतिक तैनाती सुनिश्चितकर पुलिस की कार्यप्रणाली रिएक्टिव से प्रेडिक्टिव और प्रोएक्टिव की तरफ सतत अग्रसर है। उन्होंने बतायाकि डेटा संचालित विश्लेषण लगभग 11 लाख सीसीटीवी लगाना, प्रेडिक्टिव और प्रोएक्टिव पुलिसिंग के परिणामस्वरूप वर्ष 2023 के सापेक्ष 2025 में चिन्हित हॉटस्पॉट पर प्रमुख अपराधों जैसे-लूट की घटनाओं में लगभग 55 प्रतिशत, चोरी के मामलों में लगभग 23 प्रतिशत, महिला सम्बंधी अपराधों में लगभग 10 प्रतिशत, गौ तस्करी के मामलों में लगभग 27 प्रतिशत की कमी पाई गई।